UPSSSC की परीक्षा में पूछा गया बिजली निजीकरण पर प्रश्न
लखनऊ। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा रविवार को आयोजित कनिष्ठ सहायक, कनिष्ठ लिपिक और सहायक स्तर तीन की मुख्य परीक्षा में प्रदेश में चल रही बिजली के निजीकरण पर सवाल पूछा गया था।
प्रश्न संख्या 94 में पूछा गया था कि बिजली घाटे और बुनियादी ढांचे के मुद्दों को हल करने के लिए उत्तर प्रदेश में किन दो बिजली कंपनियों के निजीकरण पर विचार किया जा रहा है?
इस प्रश्न के पांच वैकल्पिक उत्तर दिए गए थे। जिसमें
- ए- दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम और पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम
- बी- मध्यांचल विद्युत वितरण निगम और पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम
- सी- पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम और मध्यांचल विद्युत वितरण निगम
- डी-पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम और पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम
- ई- उपर्युक्त में से कोई नहीं।
खबरों की दुनिया से वाकिफ रहने वाला शायद ही कोई ऐसा अभ्यर्थी होगा, जिसने इसका सही जवाब न दिया हो। प्रतियोगी परीक्षा में बिजली निजीकरण के मुद्दे को सवाल बनने के बाद राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश वर्मा ने सरकार से उपभोक्ता हित में पांच सवाल किए हैं।
पहला क्या निजीकरण से बिजली दरों में व्यापक बढ़ोतरी नहीं होगी? दूसरा क्या सरकारी संपत्ति कम दामों में नहीं बिकेगी? तीसरा सरकारी क्षेत्र में रोजगार का सपना देख रहे युवा निराश नहीं होंगे? चौथा क्या आरक्षण के 16000 पद समाप्त नहीं होंगे? तथा पांचवा सवाल क्या इससे देश के बड़े निजी घरानों का बड़ा लाभ नहीं होगा?
उन्होंने लिखा है कि यदि सरकार को लगता है कि बिजली निजीकरण जनहित में बड़ा कदम है तो सरकार 2027 विधानसभा चुनाव के लिए अपने संकल्प पत्र में 42 जिलों की बिजली के निजीकरण का मुद्दा शामिल करते हुए उस पर मिलने वाली प्रतिक्रिया देख ले।
पता चल जाएगा कि किसका फायदा होगा और किसका नुकसान होगा।
उन्होंने कहा है कि प्रदेश सरकार को याद रखना चाहिए कि भाजपा के संकल्प पत्र में 42 जिलों की बिजली के निजीकरण का कोई मसौदा नहीं था। सवाल किया है कि ऐसे में क्या यह कदम सरकार के संकल्प पत्र के खिलाफ नहीं है। अब भी समय से सरकार निजीकरण की प्रक्रिया पर रोक लगाए।

अमेरिका में जासूसी केस पर बड़ा खुलासा, पत्रकार ने माना अपना दोष
बिहार विधान परिषद चुनाव: चिराग पासवान के मुस्लिम दांव से आरजेडी-कांग्रेस के कोर वोट बैंक में सेंधमारी की तैयारी
सीवान में बेखौफ अपराधी: 4 दिनों के भीतर दूसरा मर्डर, घर के बाहर सो रहे अधेड़ की गर्दन काटकर निर्मम हत्या
सफाई महाभियान का समापन: 22 दिनों तक चले विशेष अभियान के बाद चकाचक हुई शहर की सूरत
गुमला में दिल दहलाने वाली घटना: घर के अंदर फंदे से लटकी मिली विवाहिता की लाश, तीन मासूम बच्चों के सिर से उठा मां का साया
मनमानी पर प्रशासन का हंटर: गढ़वा में प्राइवेट स्कूलों की मनमानी खत्म, फीस बढ़ाने पर लगी 10% की 'लक्ष्मण रेखा'
आर्थिक मोर्चे पर भारत की ऊंची छलांग: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जीडीपी ग्रोथ को बताया मजबूत भारत का प्रतीक
पटना सिविल कोर्ट में हाई-वोल्टेज ड्रामा: सरेंडर करने पहुंचे खान सर, पुलिस की मौजूदगी के बावजूद नहीं हो सकी गिरफ्तारी
तीन बच्चों समेत 4 लोगों की मौत, रीवा सिलेंडर ब्लास्ट से दहला इलाका
सार्थक करेगा स्टूडेंट्स की उपस्थिति की निगरानी, नई व्यवस्था लागू