‘अब पलायन ही करना पड़ेगा क्या?’—डबरा के जाम से परेशान रेसलर-एक्टर सौरभ गुर्जर का फूटा गुस्सा
डबरा। डबरा कृषि उपज मंडी में धान की भारी आवक के कारण शुक्रवार को पूरे शहर में फिर से जाम की स्थिति बन गई. मंडी गेट के सामने ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे जेल रोड सहित कई इलाकों में यातायात ठप हो गया. शहर के लोगों को घंटों तक जाम में फंसे रहना पड़ा.
रेसलर सौरभ गुर्जर ने शेयर किया वीडियो
इस बीच, फिल्म अभिनेता और डब्ल्यूडब्ल्यूई रेसलर सौरभ गुर्जर ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा कर पुलिस और प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए हैं. उन्होंने बताया कि वे शुक्रवार देर रात इंदौर से डबरा लौट रहे थे, लेकिन हरिपुर और जेल रोड दोनों जगहों पर जाम में फंस गए. सौरभ ने सुबह करीब 4 बजे फेसबुक पर वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा कि प्रशासन की लापरवाही के कारण लोगों को कई-कई घंटे परेशान होना पड़ रहा है. उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट पर लिखा ”डबरा से पलायन ही करना पड़ेगा क्या अब”
डबरा कृषि उपज मंडी ए ग्रेड मंडियों में शामिल
गौरतलब है कि डबरा की कृषि उपज मंडी प्रदेश की ए ग्रेड मंडियों में शामिल है, जहां प्रतिदिन हजारों ट्रॉलियां धान लेकर पहुंचती हैं. हर साल इस सीजन में इसी तरह के हालात बनते हैं, लेकिन प्रशासन की तमाम तैयारियों के बावजूद जाम की समस्या जस की तस बनी रहती है. इस बार भी अधिकारियों ने व्यापारियों और किसान प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर रोडमैप तैयार किया था, मगर उस पर अमल नहीं किया गया. दीपावली के बाद पहले ही दिन सड़कों पर लगे लंबे जाम ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि प्रशासनिक व्यवस्थाएं पूरी तरह चरमरा चुकी हैं.

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की बड़ी पहल: मुख्यधारा में लौटे युवाओं को स्वास्थ्य सुरक्षा और नई उम्मीद
जैव उर्वरक और नील-हरित काई के उपयोग को बढाएं-कृषि उत्पादन आयुक्त निगार
क्षीर धारा अभियान का मुख्य उद्देश्य पशुपालकों की आय में वृद्धि और गोवंश का स्वास्थ्य सुरक्षित रखना है : मंत्री पटेल
राज्यमंत्री कृष्णा गौर ने किया 4 लेन सीसी सड़क निर्माणकार्य का भूमि-पूजन
पुष्पा ने लिखी आत्मनिर्भरता की नई कहानी
अपनी ज़िम्मेदारी निभाएं और अपनी बेटियों को सर्वाईकल कैंसर के खतरे से बचाएं
खिवनी अभयारण्य बनेगा वन्यजीव संरक्षण और इको-टूरिज्म का आदर्श मॉडल : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
प्रधानमंत्री मोदी के आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को पूर्ण कर रहा है मध्यप्रदेश: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
बंगाल में बंपर वोटिंग: 91.40% मतदान, तमिलनाडु ने भी रचा इतिहास