पाकिस्तानियों और बांग्लादेशियों को यहां लाकर बसाना स्वीकार नहीं: केजरीवाल
नई दिल्ली । दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर गृहमंत्री अमित शाह के सीएए को लेकर दिए गए बयान पर जवाब दिया है। केजरीवाल ने कहा कि यह कानून बिल्कुल भी देश के हित में नहीं है। दूसरे देशों से लाकर लोगों को यहां बसाया जाए यह ठीक नहीं है। केजरीवाल ने कहा आजादी के बाद काफी बड़े स्तर पर माइग्रेशन हुआ था, अब सीएए की वजह से जो माइग्रेशन होगा वह 1947 से भी बड़ा होगा। पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान में मिलाकर करीब ढाई से तीन करोड़ लोग रहते हैं और अगर इनमें से करीब डेढ़ करोड़ लोग भी आ गए तो क्या होगा। पहले भारत आने से पहले लोग डरते थे, लेकिन इस कानून से लोगों का डर खत्म हो जाएगा। आप रोंहिग्या की बात कर रहे थे ये तो आप के ही शासन काल में आए हैं। क्या आप बता सकते हैं कि वह कैसे आए। बाहर से आए लोगों को आप अब देश की नागरिकता दोगे, उनके राशन कार्ड बनाओगे ये सही नहीं है। क्योंकि अपने देश के राशन कार्ड नहीं बन पा रहे और आप बाहर के लोगों को बसाने की कोशिश कर रहे हो। केजरीवाल ने पूछा कि क्या आपके घर के सामने पाकिस्तान से आए लोगों की झुग्गियां बनेंगी, वो लोग न जाने कैसे होंगे, ऐसे में क्या लोग सुरक्षित रह सकेंगे? केजरीवाल ने आगे कहा, कनाडा सहित जिन अन्य देशों ने भी ऐसा किया था, बाद में शरणार्थियों के लिए दरवाजा बंद कर दिया और आप खोल रहे हैं। अगर बाहर से लाकर ही लोगों को बसाना है तो उन उद्यमियों को ले आओ जो देश छोड़कर चले गए। ऐसे लोग 11 लाख के करीब हैं। मेरी माननीय गृह मंत्री अमित शाह जी से हाथ जोड़कर विनती है कि ऐसा मत कीजिए।

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