गुना में डीपीसी सस्पेंड, वित्तीय अनियमितता पर बड़ी कार्रवाई
गुना|मध्यप्रदेश के गुना जिले में स्कूल शिक्षा विभाग से जुड़ा एक बड़ा प्रशासनिक फैसला सामने आया है। जिले में पदस्थ जिला परियोजना समन्वयक (डीपीसी) ऋषि कुमार शर्मा को गंभीर लापरवाही और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों के चलते निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई गुना कलेक्टर द्वारा कराई गई विस्तृत जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई है। ग्वालियर संभाग के आयुक्त मनोज खत्री ने जांच रिपोर्ट का परीक्षण करने के बाद ऋषि कुमार शर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश जारी किए हैं।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, कलेक्टर द्वारा कराई गई जांच में कई गंभीर तथ्य सामने आए हैं। रिपोर्ट में बताया गया कि जिले में संचालित स्कूल भवन निर्माण कार्यों में डीपीसी की कार्यशैली लापरवाहीपूर्ण रही। जांच में पाया गया कि जिले की 47 शालाओं के निर्माण कार्यों के लिए स्वीकृति मिलने के बावजूद समय पर राशि जारी नहीं की गई। खासतौर पर निर्माण कार्यों की दूसरी किस्त लगभग 16 महीने तक रोके रखी गई, जिससे कई निर्माण कार्य प्रभावित हुए और समय पर पूरे नहीं हो सके।
जांच रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि संबंधित अधिकारी द्वारा नियमों के विपरीत स्थानांतरण आदेश जारी किए गए। इसके अलावा कई बार बिना किसी पूर्व सूचना के लंबे समय तक कार्यालय से अनुपस्थित रहने के मामले भी सामने आए हैं। प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार की लापरवाही से विभागीय कार्यों पर प्रतिकूल असर पड़ा और कई योजनाओं की गति भी धीमी हो गई।
कलेक्टर की जांच में यह भी उल्लेख किया गया है कि डीपीसी द्वारा नियमित रूप से स्कूलों और निर्माणाधीन कार्यों का निरीक्षण नहीं किया गया। निरीक्षण की कमी के कारण कई स्तरों पर निगरानी कमजोर रही, जिससे विभागीय कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति प्रभावित हुई। अधिकारियों का कहना है कि इन कारणों से जिले की शिक्षा व्यवस्था की छवि भी प्रभावित हुई और शिक्षा से जुड़े प्रदर्शन संकेतकों में गिरावट दर्ज की गई। जिले की शिक्षा रैंकिंग में भी लगातार कमी देखी गई, जिसे जांच रिपोर्ट में गंभीर चिंता का विषय बताया गया है।
जांच पूरी होने के बाद कलेक्टर ने अपनी रिपोर्ट ग्वालियर संभाग आयुक्त को भेजी थी। रिपोर्ट का परीक्षण करने के बाद संभाग आयुक्त ने मामले को गंभीर मानते हुए तत्काल निलंबन की कार्रवाई की। आदेश में कहा गया है कि यह कार्रवाई मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत की गई है। साथ ही इसे मध्यप्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के उल्लंघन की श्रेणी में भी माना गया है। निलंबन अवधि के दौरान ऋषि कुमार शर्मा का मुख्यालय गुना कलेक्टर कार्यालय निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा। प्रशासनिक स्तर पर इस कार्रवाई को विभागीय अनुशासन बनाए रखने और शिक्षा से जुड़ी योजनाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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