मासूम बच्ची की सिसकियों में गूंज उठा गाजियाबाद रेलवे स्टेशन
गाजियाबाद । गाजियाबाद रेलवे स्टेशन पर लावारिस मिली एक साल की बच्ची को गोद लेने के लिए एक दंपती सामने आया, जो 20 साल से निसंतान हैं। आरपीएफ ने कानूनी प्रक्रिया का हवाला देते हुए बच्ची को गोद देने से मना कर दिया। बच्ची को बाल आश्रम में रखा गया है और उसके परिवार का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने आरपीएफ को बच्ची को गोद लेने की गुजारिश की। दंपती ने कहा कि शादी के 20 वर्ष बाद उन्हें संतान नहीं हुई है। वह बच्ची को गोद लेकर उसे आला दर्जे की तालीम दिलाएंगे। उसकी अच्छी परवरिश करेंगे। आरपीएफ थाना प्रभारी चेतन प्रकाश ने बताया कि बच्ची को गोद देने की अलग प्रक्रिया होती है। वह कानूनी रूप से बच्ची को गोद नहीं दे सकते हैं। दंपती काफी देर तक बच्ची को गोद लेने के लिए रुके रहे। बाद में वह मायूस लौट गए।

माओवाद के बाद विकास की नई राह: पुसपाल बनेगा ईको-टूरिज्म हब
मातृ मृत्युदर एवं शिशु मृत्युदर को कम करने में सभी की सहभागिता आवश्यक - उप मुख्यमंत्री शुक्ल
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सिंहस्थ 2028 में सनातन का वैभव दुनिया को दिखेगा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
बस्तर के लिए खुलेगा वैश्विक द्वार, 4 घंटे में पूरा होगा समंदर तक का सफर
करीब 150 मीटर लम्बे सुरंग में अवैध कोयला खनन पर सख्ती, सेंट्रल फ्लाइंग स्क्वाड की बड़ी कार्रवाई
पीएमश्री हेली सेवा के रूप में ओरछा के लिए शुरू की गई पुष्पक विमान की व्यवस्था : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सामूहिक विवाह बढ़ाते है समाज में समरसता : मुख्यमंत्री डॉ. यादव