लेह-दिल्ली रूट पर आज से दौड़ेगी HRTC की बस
मनाली। देश के सबसे ऊंचाई से गुजरने वाली दिल्ली-केलंग-लेह रूट पर हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस सेवा आज वीरवार से आरंभ होने जा रही है। करीब नौ माह बंद रहने के बाद आज वीरवार सुबह केलंग बस अड्डे से निगम की लेह बस सेवा विधिवत रूप से शुरू होगी। 1026 किलोमीटर लंबे इस रूट पर बस सेवा बारालचा दर्रा 16020 फीट, लाचुंग ला 16620 फीट, जबकि तंगलंग ला 17480 फीट ऊंचे दर्रे से होकर गुजरेगी।
दिल्ली से लेह तक के सफर में 26 घंटे का समय लगेगा। महज 1850 रुपये में बर्फ से लकदक पहाड़ियों से गुजरने वाली इस बस सेवा का अलग ही रोमांच है। पर्यटक व स्थानीय लोग इस बस सेवा का लंबे समय से इंतजार कर रहे थे अब उन्हें सुविधा मिलेगी। गत वर्ष भी यह बस सेवा 11 जून 2024 को शुरू हुई थी।
बीआरओ ने हालांकि इस बार लेह को मनाली से 12 मई को ही जोड़ दिया था लेकिन सरकार से अनुमति मिलने के बाद बस सेवा आज शुरू होने जा रही है। बस सुबह पांच बजे केलंग से रवाना होगी और शाम को रात आठ बजे पहुंचेगी। 13 जून को लेह से सुबह चार बजे लेह से सीधा दिल्ली के लिए रवाना होगी। शाम को साढ़े छह बजे केलंग व रात्रि नौ बजे मनाली से निकलेगी। रात पौने तीन बजे चंडीगढ़ से रवाना होगी और सुबह आठ बजे दिल्ली के आईएसबीटी पहुंचेगी।
तीन चालक देंगे सेवाएं
दिल्ली से लेह जाने वाली एचआरटीसी की बस सेवा पर दो परिचालक और तीन चालक सेवाएं देंगे। दिल्ली से चलने पर पहला चालक बिलासपुर, दूसरा बिलासपुर से केलंग और तीसरा केलंग से लेह तक सेवा देगा। परिचालक दिल्ली से केलंग और केलंग से लेह तक सेवा देगा।
12 जून को सुबह 5:00 बजे केलांग से लेह के लिए बस रवाना होगी और 13 जून से लेह से सीधे दिल्ली के लिए बस सेवा शुरू होगी। दिल्ली से बस पानीपत-चंडीगढ़-रोपड़-सुंदरनगर-मंडी-कुल्लू-केलांगबारालाचला-सरचू-पांग-तांगलागला-उपशी होते हुए लेह पहुंचेगी।
बीसी नेगी, निदेशक परिवहन शिमला।

सुशासन तिहार में सुलझी किसान की समस्या
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, वन मंत्री केदार कश्यप एवं सांसद संतोष पाण्डेय ने भोरमदेव मंदिर में की पूजा-अर्चना
स्वच्छता, स्वास्थ्य और जनसुविधा से जुड़ी समस्याओं में कोताही बर्दाश्त नहीं करेंगे : ऊर्जा मंत्री तोमर
मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध शराब के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
राज्यपाल रमेन डेका ने जल संरक्षण और जनकल्याण पर दिया जोर
गोद में उठाया, चश्मा पहनाया : भैंसामुड़ा में दिखा मुख्यमंत्री का आत्मीय रूप
एमपी ट्रांसको ने जुलवानिया सब स्टेशन में ऊजीकृत किया 40 एमवीए क्षमता का ट्रांसफार्मर : ऊर्जा मंत्री तोमर
नये मध्यप्रदेश का मार्वलस माइलस्टोन साबित होगा इन्दौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
स्वरोजगार की राह पर बढ़ते कदम: मुख्यमंत्री ने RSETI में देखा ग्रामीण सशक्तिकरण का मॉडल