सेबी डेरिवेटिव खंड में गतिविधि पर रोक नहीं लगाएगा
मुंबई । पूंजी बाजार नियामक सेबी के एक पूर्णकालिक सदस्य ने हाल ही में एक बड़ा बयान दिया है, जिसमें उन्होंने खुलासा किया कि सेबी डेरिवेटिव खंड में गतिविधि पर रोक नहीं लगाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सेबी कोई भी ऐसा कदम नहीं उठाएगा जो डेरिवेटिव बाजार में कारोबार को नियंत्रित करे। उन्होंने बताया कि सेबी कारोबारी सुगमता और बेहतर जोखिम प्रबंधन के लिए कुछ उपायों पर विचार कर रहा है, परन्तु डेरिवेटिव खंड में कोई प्रतिबंध नहीं लगाने का इरादा है। उन्होंने भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) द्वारा नियंत्रित एनआईएसएम के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि सेबी दर्शकों के लिए उपयुक्तता और अनुकूलता को ध्यान में रख रही है और नकद बाजार और डेरिवेटिव बाजार के बीच संबंध को मजबूत करने का प्रयास कर रही है। इस बयान के साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि सेबी किसी तरह के डेरिवेटिव खंड में गतिविधि को रोकने की स्थिति में नहीं है और उसे बरकरार रखने का निश्चित करेगी। उन्होंने उन सभी का समर्थन किया जिन्होंने सेबी के विचारों की प्रशंसा की है और सहमति जताई है कि डेरिवेटिव बाजार में कोई प्रतिबंध नहीं लगाना चाहिए। उन्होंने भविष्य में भी स्पष्ट किया कि डेरिवेटिव को लेकर किसी भी बदलाव को सावधानी से देखा जाएगा और उसे सभी पक्षों के सुझाव को ध्यान में रखकर ही लागू किया जाएगा। सेबी के इस प्रकार के निर्णय से बाजार के साथी उत्थान और विकास के लिए एक सकारात्मक संकेत मिला है। इस सावधानीबद्ध कदम के साथ सेबी ने स्वतंत्र कारोबार को बढ़ावा देने का संकेत दिया है और बाजार में निवेशकों की सुरक्षा को मजबूत करने का प्रयास किया है।

राशिफल: जानिए, कैसा रहेगा आपका आज का दिन (13 मार्च 2026)
सरकार का बयान- घबराहट के कारण बढ़ी सिलेंडर बुकिंग
सरसों की खरीदी के लिये भावांतर भुगतान योजना को मिली केन्द्र से स्वीकृति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
जनजातीय अंचल के विकास में खेत और किसान की अच्छी सेहत जरूरी : राज्यपाल पटेल
बेहतर समन्वय से केन्द्र सरकार के मंत्रालयों से मिल रहा है पूरा सहयोग : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
LPG संकट के बीच सिलेंडर छोड़ इंडक्शन पर शिफ्ट हुआ सागर गैरें
एमपी में राज्यसभा की एक सीट पर सस्पेंस, कांग्रेस को क्रॉस वोटिंग का डर
बिहार चुनाव: बीजेपी के बटुए से निकले 146.71 करोड़, सबसे ज्यादा 89 विधायक जीते
हरदीप पुरी ने लोकसभा में कहा—भारत में गैस-तेल की कोई कमी नहीं