योगराज ने युवकों की मदद नहीं करने पर की पाकिस्तानी पूर्व दिग्गजों की आलोचना
चंडीगढ़। भारत के पूर्व क्रिकेटर योगराज सिंह ने देश के युवा वर्ग को मदद नहीं करने के लिए पाकिस्तान के दिग्गजों की आलोचना की और कहा है कि वे केवल पैसा कमाने के उद्देश्य से अपने ही देश का दुरुपयोग करते हैं। पाकिस्तान ने चैंपियंस ट्रॉफी में ग्रुप स्टेज का अपना आखिरी मुकाबला बांग्लादेश के खिलाफ खेलना था, लेकिन यह बारिश की भेंट चढ़ गया। इसके साथ पाकिस्तान चैंपियंस ट्रॉफी से बाहर हो गया। उन्हें केवल एक ही अंक मिला। पाकिस्तान में 29 सालों में पहला आईसीसी टूर्नामेंट हो रहा था लेकिन उनका प्रदर्शन बेहद खराब रहा।
योगराज ने कहा कि पाकिस्तान के साथ समस्या यह है कि उनके पास वसीम अकरम, शोएब अख्तर, वकार यूनिस या इंजमाम-उल-हक जैसे महान सेवानिवृत्त खिलाड़ी हैं। मैं उनका बहुत सम्मान करता हूं लेकिन जो गलत है वह गलत है। भारत और पाकिस्तान के बीच अंतर यह है कि राहुल द्रविड़, लक्ष्मण और युवराज सिंह जैसे खिलाड़ियों ने भविष्य के भारतीय खिलाड़ियों को विकसित करने में मदद की है। मैं अपने देश से प्यार करता हूं, यही वजह है कि मैं अपने बेटे की बलि देने के लिए तैयार था, जिसे कैंसर था, लेकिन पाकिस्तानी एक्सपर्ट्स में वह जुनून नहीं है। वे अपनी तुलना भारत से करते हैं लेकिन अपने देश से इतना प्यार नहीं करते कि कहें कि हमने काफी पैसा कमा लिया है और युवा पीढ़ी को प्रशिक्षित करना शुरू कर दें। इमरान खान ने इन सभी खिलाड़ियों के लिए मंच तैयार किया था लेकिन उन्हें जेल भेज दिया गया। वे उस तरह के लोग हैं जो पैसों के लिए अपने देश को गालियां देते हैं।
योगराज ने पाकिस्तान टीम को कोचिंग देने की भी बात कही। 75 साल पहले हम साथ हुआ करते थे, बिछड़ गए लेकिन प्यार नहीं मिटता। कोई भी टीम जो पतन की ओर है, मुझे अपनी सेवाएं प्रदान करने में खुशी होगी। अगर पाकिस्तान कोई प्रस्ताव देता है और सरकार और बीसीसीआई मंजूरी देते हैं, तो मैं यह भूमिका निभाऊंगा।
वहीं, टीम इंडिया के प्रदर्शन पर योगराज ने कहा कि भारत एक अपराजेय टीम है। इस समय हमारे पास बुमराह नहीं है लेकिन मोहम्मद शमी है। उन्होंने न्यूजीलैंड और भारत के फाइनल में पहुंचने की भविष्यवाणी भी की।

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